पेंट और वार्निश के संपर्क से बढ़ सकता है मल्टीपल स्कलोरोसिस का खतरा : अध्ययन

लंदन : पेंट और वार्निश में मौजूद रसायन लोगों में नसों से जुड़ी विकृति मल्टीपल स्कलेरोसिस का खतरा बढ़ा सकती है। एक नए अध्ययन में ऐसा कहा गया है। इस अनुसंधान में पाया गया कि जो लोग पेंट या अन्य विलायकों (सॉल्वेंट) के संपर्क में आने वाले लोगों में ऐसे लोगों के मुकाबले मल्टीपल स्कलेरोसिस होने का खतरा 50 प्रतिशत ज्यादा बढ़ जाता है जो इसके संपर्क में बिलकुल नहीं आते।
मल्टीपल स्कलेरोसिस एक ऐसी बीमारी है जिसमें दिमाग और रीढ़ के नसों का सुरक्षा कवच नष्ट हो जाता है। अनुसंधानकर्ताओं का कहना है कि जिन लोगों में मल्टीपल स्कलेरोसिस का खतरा पैदा करने वाले वंशाणु होते हैं और जो विलायकों के संपर्क में रहते हैं उनमें यह बीमारी होने का खतरा सात गुणा ज्यादा बढ़ जाता है।
साथ ही उन्होंने बताया कि जो लोग धूम्रपान करते हैं उनमें यह खतरा और ज्यादा बढ़ जाता है। अनुसंधानकर्ताओं ने बताया कि धूम्रपान करने वाले जो लोग विलायकों के संपर्क में रहते हैं और जिनमें इस बीमारी से संबंधित वंशाणु होते हैं उनमें यह जोखिम उन लोगों के मुकाबले 30 प्रतिशत तक ज्यादा बढ़ जाता है जिन्होंने कभी धूम्रपान नहीं किया या जो कभी विलायकों के संपर्क में नहीं रहे और जिनमें ऐसे वंशाणु नहीं थे। यह अध्ययन ‘ न्यूरोलॉजी ’ पत्रिका में प्रकाशित हुआ है।

Spread the love

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

5 + five =